क्या है जीवन वास्तव में...??
कभी लगता है सुख दुःख की यात्रा है जीवन,
तो कभी बस चलते जाने का नाम है जीवन,
कभी रास्ता है,
तो कभी ठोकरों में पड़ा पत्थर है जीवन,
कभी समझौतों का नाम है, कभी ख्वाहिशों का दाम हैं,
कभी आँखों का पानी खारा तो कभी होंठों की मुस्कान है जीवन,
कभी जिम्मेदारियों का एहसास तो कभी अधिकारों का बोझ है जीवन,
कभी सबकुछ खो देने वाला पल है,
कभी एक ही पल में सबकुछ पा लेने का खेल है जीवन,
कभी किसी का साथ तो कभी किसी को बिसरा देना है जीवन,
खोना, पाना, कुछ लेना तो कभी सबकुछ दे देना है जीवन,
कभी कोई अपना, तो कभी संसार मात्र एक सपना
कभी मौन तो कभी शब्दों के संसार की रचना है जीवन,
कभी पहेली, कभी सहेली,
कभी रूठना, कभी मान जाना,
कभी शिकायतें तो कभी कोशिशों का नाम है जीवन,
कभी मौन की भाषा, कभी आँखों की अभिलाषा,
कभी संगीत है जीवन तो कभी लय-ताल का तमाशा,
कभी हवा का झोंका, कभी दरिया का किनारा,
कभी तरसती धरा तो कभी बरसता बादल है जीवन,
कभी मिलन, कभी वियोग, तो कभी समस्त का सुयोग है जीवन,
कभी हवन, कभी आहूति,
कभी ध्यान, कभी समाधि,
तो कभी श्वासों का खुबसूरत गीत है जीवन,
कभी फुरसतें, कभी उलझनें, तो कभी खिलता हुआ गुलाब है जीवन,
कभी प्रीत की रीत, कभी भावनाओं का ज्वार,
तो कभी नासमझी का ही नाम है जीवन,
कभी अन्धेरा, कभी रौशनी, कभी उगते सूरज की उजास,
कभी अपेक्षा, कभी उपेक्षा, कभी प्यार का एहसास है जीवन,
कभी झूठ, कभी सच, कभी चुप रह जाना है जीवन,
कभी राग, कभी द्वेष, तो कभी मोह-माया,
कभी कर्म, कभी धर्म, तो कभी अतीत का साया है जीवन,
कभी भूत कभी भविष्य, कभी वर्तमान की सौगात है जीवन,
कभी इंतज़ार, कभी इज़हार तो कभी मिलन की मिठास है जीवन,
कभी शक्ति, कभी भक्ति, कभी स्व का समर्पण है जीवन,
कभी बंधन है, कभी मुक्ति है,
कभी श्वास-श्वास की युक्ति है जीवन,
कभी बाहर, कभी भीतर,
कभी अंतस की गहराई का नाम है जीवन,
कभी आनंद है, कभी उत्सव है,
कभी गरजता जैसे अम्बर है
कभी पर्याय, कभी विलोम,
कभी शब्द संज्ञाओं का नाम है जीवन,
गूंगे की भाषा है, अंधे की अभिलाषा है,
अपनों का दुलार है, कभी सपनों का मात्र एक ख़याल है जीवन,
शब्द सीमाओं से परे
प्रकृति का नाम है जीवन,
कल्पना की कहानी कहो भले
मगर स्वीकृति की बात है जीवन,
तेरी मेरी जुबानी,
एक पल का एहसास मात्र है जीवन....!!
जो भी है पर बड़ा ही अद्भुत है जीवन
ReplyDeleteSuper
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